मामी और भांजे की चुदाई की कहानी – 1

ये बात तब की है जब मैं अपनी बी।एस।सी। की पढ़ाई पूरी करके जॉब की तलाश कर रहा था। मुझे जॉब दिल्ली में मिली और मुझे दिल्ली आना पड़ा। दिल्ली में ही मेरा एक मामा भी रहता है। मामा ने बोला कि तू यहीं मेरे पास रह लेना।

मामा की सलाह पर मेरे घर वाले भी यही बोलने लगे। मैं अगले दिन ही दिल्ली आ गया। मामा के घर पहुँचा तो मामी ने गेट खोला। वो मुझे देख कर बहुत खुश हुई और मुझे अंदर रूम में बैठा कर चाय वगैरह लेकर आई। तभी मामा भी आ गए। वो मुझसे बातें करने लगे।

दोस्तो, मेरे मामा का एक बेटा भी है जो तीसरी कक्षा में पढ़ता है। थोड़ी देर बातें करने के बाद मैं आराम करने के लिए बेड पर लेट गया और मुझे नींद आ गयी। जब सो कर उठा तो मामा का बेटा भी स्कूल से आ गया था तो मैं उसके साथ खेलने लगा।

मामा के बेटे के साथ खेलते खेलते रात हो गयी और हमारा खाना लग गया। हम सब खाना खाने लगे। मैंने देखा कि मामा खाने पर नहीं थे तो मैंने मामी से पूछा कि मामा किधर हैं? तो मामी ने बताया कि वो लेट ही आते हैं 10-11 बजे तक।

दोस्तो, मेरे मामा की खुद की कम्पनी है तो वो ज्यादा वहीं पर कंपनी के काम में ही बिजी रहते हैं। मैं और मामी इधर उधर की बातें करते रहे। मामी ने पूछा कि तेरी जोइनिंग कब है?

मैंने कहा मामी सोमवार से है। मामी ने कहा की अच्छा तो अभी तो 3 दिन बाद है। और बता घर में सब कैसे हैं? मैंने कहा की वहाँ तो सब अच्छे हैं।

फिर ऐसे ही दो चार बातें करके हम अपने अपने रूम में सोने के लिए चले गए। मेरा रूम मामी के रूम की बराबर में ही था। मुझे नींद नहीं आ रही थी क्योंकि मैं दिन में सो गया था। बोर होने के कारण मैं रोज की तरह Mast Hindi Story पर कहानियां पढ़ने लगा। Hindi sex Story पर सेक्सी और गर्म हिन्दी कहानियां पढ़कर मेरा अच्छा टाइम पास हो जाया करता था।

सेक्स कहानी पढ़ते हुए मैं अपने लंड को हाथ में लेकर हिला रहा था। मुझे मजा आ रहा था कहानी पढ़ते हुए मुठ मारने में और लंड को रगड़ते हुए हिलाने में, रूम में पूरा अंधेरा था।

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ममी हो गयी मुझसे गुस्सा

11 बजे फिर मामा भी आ गए। वो खाना खा कर अपने रूम में सोने की तैयारी कर रहे थे कि तभी उनके रूम में से कुछ आवाजें आने लगीं जैसे वो किसी को धमका रहे हों। मैंने उन पर ध्यान नहीं दिया और मुठ मार कर सो गया।

मैं रोज की तरह सुबह 5 बजे उठा और सोचा कि ऊपर छत पर घूम लेता हूँ। तो मैं ऊपर चला गया। ऊपर जाकर मैंने देखा कि मामी अपनी लाल रंग की हल्की सी नाईटी में घूम रही हैं।

मेरी मामी की उम्र 28 साल है और वो देखने में बहुत ही ज्यादा आकर्षक लगती है। मुझे साइज़ की तो ज्यादा जानकारी नहीं है पर उनके चूचे बहुत मोटे हैं और गांड भी बहुत पीछे निकली हुई है। कोई भी उन्हें एक बार देख ले तो जरूर मुठ मारने पर मजबूर हो जाये।

इस तरह नाइटी में उन्हें देख कर मैं पागल सा हो गया। उनकी नाइटी घुटनों तक ही थी और ऊपर से बरसात का मौसम हो रहा था। मैंने जैसे-तैसे खुद को संभाला और उनके पास गया।

मैंने उनसे कहा गुड मॉर्निंग मामी! उन्होंने (गुस्से में)- गुड मॉर्निंग जवाब दिआ। मैंने मम्मी से कहा की क्या हुआ मामी, आप गुस्से में हो? मेने यह बहुत ही प्यार से मैंने पूछा। मामी चुप रही, उन्होंने कुछ नहीं बोला।

मैंने कहा की  यार मामी बताओ ना, क्यूं लड़कियों की तरह नखरे दिखा रही हो? मामी मुस्कराई और बोली- क्यूं, मैं लड़की नहीं हूं क्या? मुस्कराते हुए मैंने कहा- हां, हो तो लेकिन अब शादी हो चुकी है आपकी।

मामी ने मुझे बीच में ही रोकते हुए कहा- हां, यही तो, सबको लगता है कि मेरी शादी हो गयी है लेकिन मुझे अब ये बिल्कुल भी अहसास नहीं होता है कि मेरी शादी हो गयी है।

उनके कंधे पर हाथ रखते हुए मैंने कहा- क्या हुआ यार, आप इतने परेशान क्यूं हो? आप मुझे अपना दोस्त समझ कर ही बता दो। आप मुझ पर भरोसा कर सकते हो। मामी बोली- विजय, तुझे तो पता ही होगा कि एक औरत को क्या चाहिए होता है अपने पति से।

मैंने कहा- मैं कुछ समझा नहीं आपकी बात का मतलब, क्या चाहिए होता है? मामी ने कहा तो फिर तू क्या घंटा समझेगा मेरी प्रॉब्लम! मैंने मामी से कहा अरे आप बताओगी तभी तो समझूँगा ना?

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मामी ने करि मुझसे चुदाई की बात 

मामीने कहा की जब तुझे पता ही कुछ नहीं है तो क्या समझाऊं तुझे मैं? चल अच्छा बता सेक्स क्या होता है जानता है? तू जानता है चुदाई किसे कहते हैं? अब मै थोड़ा सा चौक  गया और मेने हां में जवाब दिआ। 

डांटते हुए मामी बोली- तो भोसड़ीचंद, तुझे ये कैसे नहीं पता कि एक औरत को अपने पति से क्या चाहिए होता है? मैं- क्यूंकि मैं आपके मुँह से सुनना चाहता था।

मामी ने कहा तो सुन, पिछले एक साल में तेरे मामा ने मुझे तीन चार बार ही चोदा होगा। यार मुझे भी चाहिए होता है लण्ड, मैं भी तो औरत हूं। मेरी भी जरूरतें हैं। वो मेरे से उम्र में 10 साल बड़े हैं। 

उनका अब कुछ करने का ज्यादा मन ही नहीं करता है। अब तू ही बता कि मैं कहां जाऊं, मैं क्या करूं और किसके साथ करूं?

मैंने कहा की हम्म, प्रॉब्लम तो है मामी। और अब मैंने उनके सिर को अपने कंधे पर रख कर सहलाया। मामी ने कहा यार विजय, मुझे एक बॉयफ्रंड चाहिए जो मुझे। जो मुझे संतुष्ट कर सके। 

तुम्हारे जैसा कोई या तुम ही बन जाओ, घर की बात घर में रहेगी और किसी को पता भी नहीं चलेगा और मुझे कहीं बाहर भी नहीं जाना पड़ेगा।

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