मकानमालकिन का जोश और चुदाई – 2 

वो बोली- तुम से कैसे करवाऊं … अच्छा नहीं लगता। मैं बोला- अच्छा बुरा देखोगी तो दर्द नहीं जाएगा। वो बोली- किसी को पता चला तो? मैं बोला- कौन बताएगा जो किसी को पता चलेगा। 

हमने खाना खाया और कुछ देर ऐसे ही बातें करते रहे। फिर मैं बोला- चलो मालिश कर दूं! मैंने तेल लिया और पैर पर मलने लगा। कुछ देर मलने के बाद मैंने कहा- चलो लेट जाओ। तो वो शर्मा रही थी पर मैंने जबरन उन्हें लेटा दिया। 

मैं कमर पर तेल डाल कर मलने लगा। पर कमर पर मलते समय मुझे ऐसा लग रहा था मानो मैं मखमल पर हाथ फेर रहा हूं। मैं हल्के हाथ से मालिश कर रहा था। शायद उन्हें भी मजा आ रहा था। जैसे ही उनकी पीठ पर मेरा हाथ पहुँचा, उन्होंने मुझे रोक दिया और बोली- बस करो, तुम्हारा हाथ दुखने लगा होगा। 

मैंने कहा- पीठ का दर्द कैसे जाएगा? वो बोली- अब कल करना। दोस्तो, वो पहला दिन था जब मैंने उन्हें कमर से छुआ था। मेरे लण्ड में उत्तेजना होने लगी। दो तीन दिन तक ऐसा ही चला। 

अब मैं जब भी उनकी मालिश करता, मेरे मन में उन्हें चोदने का ख्याल आने लगा और लण्ड खड़ा हो जाता जिसे वो देख लेती थी पर कुछ नहीं कहती। अगले दिन‌ मैंने हिम्मत की और उनके घुटनों तक मालिश करने लगा। 

पड़ोस की लड़की ने दी चुत बजाने को – 3 

कमर पकड़ते ही खड़ा हो गया लंड 

वो सोफे पर सिर टिकाए बैठी थी और आंखें बन्द कर रखी थी। मैंने कुछ और ऊपर तक उनकी जांघ पर हाथ फिरा दिया। वो एक म उठी और मेरी तरफ देखती रही। मैं डर गया और अपनी आंखें झुका ली। 

सुनीता बोली- पैर की ही करोगे सिर्फ? कमर और पीठ की नहीं करोगे क्या? मैं बोला- क्यों नहीं … सबकी करूंगा। वो फर्श पर लेट गई। अब मैंने तेल कमर पर लगाया और मलने लगा। पीठ पर मालिश की तो उनका ब्लाऊज़ हाथ में फंस रहा था तो उनने उसे ढीला कर दिया। 

अब मैं और खुलकर मालिश करने लगा, हाथ को पीठ से कमर के नीचे तक फिराने लगा। मैंने साड़ी कमर से नीचे सरका दी जिससे उनके चूतड़ों की लकीर दिखाई देने लगी। वो बोली- गोलू, तुम्हारे हाथों में जादू से ऐसा लगता है मालिश करवाती रहूं … बहुत मज़ा आ रहा है। 

मैं बोला- आप कहो तो पूरे की मालिश कर दूं … और भी मजा आएगा। वो बोली- पूरे की मतलब? में- मतलब आपके शरीर की! सुनीता हंसी और बोली- मजा तो सच में आएगा। 

तुम कर पाओगे? मैं बोला- आप बोलो तो! सुनीता- चलो करो … देखें तुम कितना मज़ा देते हो। मैं तो इतना ही चाहता था। मैंने उनका ब्लाऊज़ और ऊपर किया और पीठ पर तेल डाल कर उनके कन्धों पर जोर से मालिश करने लगा पीठ से कमर तक! फिर मैंने उनकी साड़ी नीचे से जांघों तक सरका दी और पैर से जांघों तक मालिश करने लगा। वो सिर्फ आहें भर रही थी उन्हें अब और मजा आ रहा था। 

मैंने मौका देखते ही उनकी साड़ी और पेटीकोट नीचे सरका दिया। अब वो सिर्फ ब्लाऊश और पेंटी पर थी और आंखें बंद किये थी। मैं तेल चूतड़ों पर डाल कर मलने लगा। अब वो सिसकारियां भर रही थी। 

यहां मेरा भी हाल बुरा था … लण्ड बाहर आने को बेताब था। मैंने उन्हें पलटने को कहा। वो शर्मा रही थी पर सीधी हो गई। अब वो ब्लाऊज़ पर हाथ रखे थी और दूसरा हाथ पेंटी के ऊपर से चूत पर! 

मैंने पेट पर तेल डाला और मलने लगा। पेट को मलते मलते उनके बूब्स तक हाथ ले गया और उनका हाथ हटा दिया। तो उनने हाथ से अपना चेहरा ढक लिया। मैंने आंटी का ब्लाऊज़ उतार फेंका और जोर जोर से उनके वक्ष मसलने लगा। 

अब उनका मजा सेक्स की सिसकारियों में बदल गया- आआआ आहहा आआ मम्मम आह सिईई ईइइ हम्मम! वो बड़ बड़ाने लगी- आह … और दबा गोलू … मसल दे … निचोड़ डाल … आह आइइई। मैंने उनके चूचे और दबाए और धीरे धीरे उनकी पेंटी के ऊपर से चूत को मसल दिया। 

वो तड़प उठी। अब मैं सुनीता की गर्दन से सीधे बूब्स मसलते हुए पेट पर पेट से जांघों तक और जांघों से पैर तक मालिश कर रहा था। वो अपनी गर्दन उठा कर आहें भर रही थी और अपने हाथों से मेरी जांघ पर हाथ फेर रही थी मानो कुछ ढूंढ रही हों। 

साथ ही कराहने की आवाज़ आआअ अअअ अअह आआ अअअ अह सिईईई इइइइ निकाल रही थी। मेरा भी लण्ड बाहर आने को बेताब था। अब मैं उनकी चूत में उंगली कर रहा था और उनका हाथ मेरे लण्ड पर आ गया था। 

पड़ोस की लड़की ने दी चुत बजाने को – 4 

चुत पर भी मसल दिए हाथ 

वो लोवर के ऊपर से ही मेरा लण्ड मसल रही थी। मैंने भी देर नहीं की, सोचा कि लोहा गर्म है, हथौड़ा मार दो! अपने सारे कपड़े उतारे मैंने … उनके दोनों पैर फैला दिए और नीचे जाकर अपनी जीभ चूत पर रख दी। 

मैंने आंटी की चूत चाटना शुरू कर दिया और दोनों हाथों से बूब्स को दबा रहा था। अब सुनीता मदहोश हो चुकी थी, वे सिर्फ सिसकारियां और आहें भर रही थी- आ आआउ उउउ ईईई ईईई खा ले मेरी चूत … गोलू आआ आउउउह! 

मैंने अब देर न करते हुए 69 की पोजीशन ली, उनने भी मेरा लण्ड चूसना शुरू कर दिया। अब हम दोनों ही अपना काम कर रहे थे और मदहोश हो रहे थे। मैं भी अब मजा ले रहा था और वो भी! कुछ ही देर में उनकी चूत ने पानी छोड़ दिया। 

अब मैं उठा और कुर्सी पर बैठ गया। वो उठी और मेरा लण्ड जोर जोर से चूसने लगी। अब मेरी बारी थी वो बस चूसे जा रही थी। गजब तरीका था दोस्तो … मानो कोई पोर्न स्टार हो! मेरी सांसें तेज हो रही थी, बदन अकड़ रहा था। 

आहहह हहह भरते हुए मैंने कहा- मैं गया! तो उनने चूसना छोड़ा और हाथ से हिलाने लगी। मेरे लण्ड से एकदम लावा छूटा और उनके बूब्स, गर्दन, पेट पर जा गिरा। और मैं सिर्फ आह आह आह कर रहा था। 

मैं वहीं बैठा रहा और वो मेरे माल‌ को अपने बूब्स पर मल रही थी। फिर वो मेरी तरफ देखकर मुस्कुराई और उठकर बाथरूम चली गई। थोड़ा रूककर मैं भी पीछे गया तो देखा वो शावर ले रही थी। 

मैंने पीछे से जाकर पकड़ लिया और साथ में नहाने लगा। मैं वहीं उनको किस करने लगा, लिपकिस शुरू कर दिया तो उनने मुझे हटाया और कहा- अभी रूको, अभी तो सारी रात बाकी है। अब मैं सिर्फ तुम्हारी हूं, सब कुछ कर लेना। हम नहाये और मैं बाहर आकर बैठ गया। उनने अपने बूब्स पर तौलिया लपेटा और रसोई में चली गई। 

Leave a Comment