शादी और बेहेन की चुत की गर्मी – 1

अभी मैं अपनी बहन रानी के बारे में फिर से बता देता हूं। मेरी बहन 20 साल की हो गई थी। यह हॉट सिस्टर चुदाई कहानी तब की है, जब मेरी बहन ने खूब लंड पेलवा पेलवा कर अपनी चूचियां मस्त करवा ली थीं। 

उसके बड़े-बड़े तरबूज से गांड के दोनों फलक बाहर की तरफ से निकल चुके थे। उसकी मस्त एकदम गोल गोल गांड को देखकर किसी का लंड खड़ा हो जाता था। रानी अब तक कम से कम तीस बत्तीस लंड खा चुकी होगी। 

मेरी बहन इतनी बड़ी चुदक्कड़ है कि कभी कभी तो लगता है कि मैं भी उसके ऊपर चढ़ जाऊं। मुझे पक्का यकीन है कि वो मुझसे चुदवाने में एक बार भी मना नहीं करेगी। 

चूंकि मैंने उसे कई बार लड़कों के साथ घूमते हुए कुछ ऐसी स्थितियों में देखा था जो कि एक सामान्य लड़की के लिए अच्छा नहीं कहा जा सकता था। उसे देखने के बाद मैंने उससे एक दो बार उससे कहा भी था- रानी ये सब ठीक नहीं है। 

ऐसा मत किया कर! तो वो मुझे टका सा जवाब दे देती कि तुम पता नहीं किस जमाने में सोये पड़े हो दुनिया मंगल ग्रह पर पहुंच गई है और तुम अभी देहाती बातों में ही लगे पड़े हो। 

मेरा किसी से कोई चक्कर नहीं है, बस आजकल ये सब नॉर्मल है। मैं भी सोचता कि किसी न किसी दिन जब ये पकड़ी जाएगी, तब इससे पूछूंगा कि मंगल ग्रह की आब-ओ-हवा कैसी लगी। 

ये बात तब की है, जब मेरी मौसी की लड़की की शादी तय हुई थी और हम सभी को शादी में जाना था। पूरी फैमिली सहित हम लोग बस से मौसी के घर चल दिए। जब हम वहां पर पहुंचे, तब मैंने देखा कि मौसी का पूरा घर मेहमानों से भरा पड़ा था। 

बाजार में मिली भाभी को घर पे रगड़ा – 1 

बेहेन ने धुंध लिआ चुदाई के लिए लड़का 

हमें आया देख कर मौसी बहुत खुश हुईं। मम्मी मौसी के पास रह गईं। मैं और मेरी बहन रानी बाहर की तरफ चल दिए। जहां बहुत मेहमान आए हुए थे। उनमें से कुछ लड़के भी थे जो रानी को घूरे जा रहे थे। 

रानी भी उन्हें लिफ्ट दे रही थी क्योंकि वह तो थी ही चुदासी माल … साली अपने मतलब का लंड ढूँढने में लगी थी। पूरा दिन यूं ही रिश्तेदारों से मिलने मिलाने, जान पहचान बढ़ाने में निकल गया। रात हुई तो सब अपने कार्यक्रम में व्यस्त हो गए। फिर सब खाना खाने के लिए पंडाल में चले गए। 

वहां पर मैंने देखा कि कुछ लड़के रानी से दोस्ती कर चुके थे और वह बहुत आपस में क्लोज होकर बातें कर रहे थे। मुझे यह देखकर समझ में आ चुका था कि आज या कल रानी इनसे जरूर चुदेगी। हम सबने खाना खाया। 

मैं अपनी मौसी के लड़के के साथ बाहर घूमने चला गया। मेरी बहन रानी उन लड़कों के साथ घूम रही थी। हो सकता था कि वो लड़के भी मेरी बहन को पेलने का प्लान बना रहे हों। वो बनाएं भी क्यों नहीं, मेरी बहन थी ही पेलने लायक माल। 

जब मैं वापस लौट कर आया तो अपनी बहन को ढूंढने लगा। कुछ देर बाद मैंने देखा कि वह उन लड़कों के साथ छत पर एकांत में खड़ी होकर कुछ बातें कर रही थी। उसे बहुत टाइम हो गया था। 

बाजार में मिली भाभी को घर पे रगड़ा – 2 

चुदाई के लिए बेहेन ने बना लिआ प्लान

फिर मेरी बहन जैसे ही वापस आने के लिए मुड़ी तो उनमें से एक लड़के ने मेरी बहन का हाथ पकड़ लिया और खींच कर अपने से सटा लिया। रानी की छाती उस लड़के की छाती से चिपक गई। उस लड़के को बहुत ही मजा आया। 

वह लड़का रानी के होंठों को चूसने लगा और रानी के बूब दबाने लगा। पीछे खड़े दो लड़के भी उनसे सट गए। एक रानी की गांड दबाने लगा, दूसरा भी पीछे से उसके मम्मों को मसलने लगा। 

रानी झटके से उनसे छूट कर हट गई और बोली- अभी रुक जाओ … इतनी भी बेकरारी अच्छी नहीं है, सब्र करो सबको सो जाने दो। फिर हम सब यहीं छत पर मिलेंगे। जब छत पर आएंगे तब हम छत के दरवाजे की कुंडी लगा देंगे। 

ये सुनकर एक बोला- हां हां … वो तो तेरी चूचियां ही बता रही हैं कि आज तुझे अपनी चूत में मोटे मोटे लंड चाहिए ही है … साली रंडी! मेरी बहन हंसने लगी। उसने कहा- तुझे कैसे पता चला बे भोसड़ी वाले? उनके बीच अब मामला बिंदास हो चला था। 

तभी एक लड़के ने कहा- रात को तो चुदवाने आएगी ही। अभी जरा सैंपल तो दिखा दे मेरी जान। इतना कह कर उसने मेरी बहन रानी को खींच लिया। रानी हंसने लगी और उनसे छूटने की कोशिश करने लगी। 

मगर उस लड़के ने मेरी बहन रानी के दूध पकड़ कर मसल दिए और रानी आह आह करके रह गई। वो जैसे ही उस लड़के की पकड़ से छूटी तो उसने तुरंत उसी लड़के के लंड को पकड़ कर मरोड़ दिया। 

वो लड़का चीखा- उई साली … क्या लंड उखाड़ने का इरादा है … छोड़ दे रंडी। रानी हंसने लगी- साले मादरचोद … लंड है या मिट्टी का खिलौना है। भोसड़ी के इतना कमजोर लंड लगता तो नहीं है तेरा! वो सब हंसने लगे और कुछ देर बाद रानी वहां से चली गई। 

सब लड़के बहुत खुश थे। कुछ देर बाद वे लड़के भी वहां से चले गए। मैं वहां पर जाकर छुपने की व्यवस्था देखने लगा क्योंकि मुझे उनकी यह काम लीला अपनी आंखों से देखनी थी।

शादी और बेहेन की चुत की गर्मी – 2

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