स्लीपर बस में लड़की को चोदने का मौका – 2 

जैसा की आप पहले  हिस्से में पढ़ चुके है कैसे एक लड़की को मेने अपनी स्लीपर बस की सीट दी और वह मेरे प्यार में पड़ गयी। अब चलाइये आगे की कहानी शुरू करते है। 

वह लड़की बस हिलने की वजह से मेरे बहुत करीब आ गयी थी और आँख खुलते ही उस पड़की ने पर्दा लगाया और मुस्कुराई। मेरी सांसे बहुत तेज चल रही थी और उस लड़की ने मेरी आँखों में देखा। 

वह मेरे अब और भी ज्यादा करीब आ गयी और पल भर बाद उसने अपने कोमल होठ मेरे होठो से मिला दिए और हम दोनों एक अजीब से रिश्ते में खो गए जहा प्यार और हवस एक साथ हो गए थे। 

वह बहुत ही आराम से मेरे होठो को चूसे जा रही थी और मै भी उसका जवाब देते हुए उसे प्यार से किस कर रहा था। पर निचे अब मेरा लंड एकदम खड़ा हो गया था और शयद उसे भी यह समझ आ गया था। 

अब चलती हुई बस में वह मेरे ऊपर आ गयी और मुझे प्यार करनी लगी। उसके बदन की खुशबु मुझे पागल कर रही थी और मै उसके जिस्म में खोया सा जा रहा था। अब मेरा लंड उस लड़की ने अपनी हाथो में ले लिआ और सहलाने लगी। 

मेरा हाथ भी उसके बूब्स पर था जिससे मै उन्हें प्यार से सहलाये जा रहा था। अब हम दोनों बहुत ही ज्यादा गरम हो गए थे और वह मेरे लंड से खेले जा रही थी। अब मेने अपने हाथो से उस लड़की की टीशर्ट को निकाल दिआ। 

पीछे के हुक खोलते हुए उसकी ब्रा भी मेने उसके जिस्म से अलग कर दी और उसके बूब्स में अपना मुह्ह दे दिआ। बारी बारी मै उसके दोनों बूब्स की निपालो को चूसा जा रह था और वह भी गहरी सांसे लेती जा रही थी। 

यह भी पढ़िए और मजे करिए: Antarvasna story

लड़की घूम गयी पीछे और मेने कर दिआ नंगा 

अब उसके बूब्स मेरे एक हाथ से मै जोर जोर से दबा रहा था जिससे वह हवस से भर गयी थी और अब वह पीछे की तरफ होकर लेट गयी जिसका मतलब भी साफ़ हो गया था। 

उसने अपनी पेंट का बटन खुद ही आगे से खोल दिआ और थोड़ी सी पेंट निचे की तरफ सरका दी। मेने अब अपने हाथ से उसकी पेंट पूरी निचे कर दी और गांड पर से नंगा कर दिआ। 

मेरा लंड अलग ही फुंकार मारा जा रहा था और अब मेने अपना लंड उसकी गांड की दरार में डालना शुरू किआ। उस लड़की ने अपनी गांड थोड़ी सी पीछे करि और टांग उठाई जिससे मेरा लंड चुत तक पहुंच गया। 

अब उसने मेरा लंड हाथ से अपनी चुत के छेद पर रख दिआ और मेने एक जोर के धक्के से अपने लंड उसकी चुत में पेल दिआ और चुदाई चली कर दी। पीछे से मै उसके बूब्स को दबाते हुए निचे से लंड उसकी चुत में पेले जा रहा था। 

वह भी बहुत मजे के साथ अपनी चुत मरवाये जा रही थी और मुझे भी बहुत मजा आ रहा था। बस के धक्को के साथ चुदाई और भी ज्यादा तेज होती जा रही थी और बिच बिच में मेरा लंड उसकी चुत की गहराई में जा रहा था जिससे वह करहा भी रही थी। 

 उसकी चुत से रस निकलना शुरू हो गया था जिससे मेरा लंड अच्छे से उसकी चुत में फिसलते हुए अंदर बाहर हो रहा था। चुदाई ऐसे ही लगातार चलती जा रही थी और अचानक मेरा लंड उसकी चुत से फिसल कर बाहर आ गया। 

जैसे ही मेने लंड वापस चुत में डालने के लिए अपना लंड पकड़ा उस लड़की ने मुझे रोक लिआ और मेरी तरफ मुह्ह करके लेट गयी। उसने अपनी एक टांग मेरे ऊपर रखी और मेरा लंड अपनी चुत में घुसवा लिआ। 

स्लीपर बस में लड़की को चोदने का मौका

चुदाई का दूसरा चरम हुआ शुरू 

अब मुझे किस करते हुए वह अपनी चुत की चुदाई करवा रही थी और हम दोनों एक दूसरे के होठो को बहुत ही ज्यादा थूक के साथ चाटे जा रहे थे।  निचे मेरा लंड और उसकी चुत दोनों अच्छे से चुदाई का खेल खेले जा रहे थे। 

अब मेने अपना लंड उसकी चुत की छेद से बाहर निकाला और गांड के छेद पर रखा जिससे वह डर गयी और मुझे मन करने लगी। पर मेने उसके होठो को अपने होठ से मिलाया और गांड में लंड देने लगा। 

उसे थोड़ा सा दर्द होने लगा पर एक जोर से धक्के से मेने अपना लंड गांड में घुसा दिआ और चुदाई करने लगा। कुछ ही देर बाद उसे भी मजा आने लगा और चलती हुई बस में हम दोनों चुदाई का आनंद लेते रहे। 

अब सुबह हो गयी और हम दोनों नंगे ही रात भर सो रहे थे। सुबह के 5 बज गए थे और अब हम दोनों ने कपडे पहले और मेने उस लड़की का नंबर लेके उसे अलविदा कहा और अपने गांव के लिए निकल गया। 

Leave a Comment